नेरवा : चौपाल उपमंडल के अंतर्गत नेरवा तहसील की हलाऊ पंचायत के कांडा गांव में बुधवार शाम को एक बेहद दर्दनाक अग्निकांड की घटना पेश आई, जहां आग की बेकाबू लपटों ने एक हंसते-खेलते परिवार को खुले आसमान के नीचे लाकर खड़ा कर दिया। कांडा निवासी प्रकाश चंद पुत्र स्वर्गीय रेलु राम का आठ कमरों का दो मंजिला पक्का मकान भीषण आग की चपेट में आने से पूरी तरह से नष्ट हो गया। यह हादसा शाम के करीब साढ़े चार बजे उस समय घटित हुआ, जब परिवार के सभी सदस्य रोजाना की तरह अपने टमाटर के खतों में काम करने गए हुए थे। इसी बीच अचानक सूने घर से धुएं के काले गुबार और आग की गगनचुंबी लपटें उठती देख आसपास के ग्रामीण सहम गए और तुरंत राहत व बचाव के लिए घटना स्थल की ओर दौड़े। स्थानीय ग्रामीणों ने अपने स्तर पर आग पर काबू पाने की हर संभव कोशिश की, लेकिन सूखी लकड़ी और आग के रौद्र रूप के आगे उनकी तमाम कोशिशें बेअसर साबित हुई और देखते ही देखते पूरा आशियाना मलबे के ढेर में तब्दील हो गया।
इस भयानक और दिल दहला देने वाले अग्निकांड में पीडि़त परिवार का सब कुछ जलकर स्वाहा हो गया है, जिससे वे पूरी तरह से बेघर हो गए है। तबाही का मंजर इतना खौफनाक था कि घर के भीतर रखे कीमती सामान, राशन, गहनों, नकदी और कपड़ों में से परिवार बमुश्किल केवल एक बिस्तर ही सुरक्षित बाहर निकाल पाया। मकान मालिक प्रकाश चंद के मुताबिक, इस आपदा में उनका करीब 70 से 80 लाख रुपये का भारी-भरकम वित्तीय नुकसान हुआ है, और अब उनके पास तन पर पहने कपड़ों और एक बिस्तर के सिवाय कुछ नहीं बचा है। हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन मुस्तैद हुआ और संबंधित हल्का पटवारी ने तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति का मुआयना किया। प्रशासन की ओर से फौरी राहत राशि जारी करने और अग्रिम सहायता प्रदान करने के लिए नुकसान का विस्तृत आकलन कर रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है। हालांकि, आग लगने के असल कारणों का अभी तक खुलासा नहीं हो पाया है।