प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को टोक्यो पहुंचे, जहां वे 15वें भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। इस यात्रा का उद्देश्य दोनों देशों के बीच विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी को और मजबूत करना है। बताना चाहेंगे साल 2014 के बाद पीएम मोदी की यह 8वीं जापान यात्रा है। इस दौरे को लेकर उन्होंने कहा कि यह दोनों देशों के बीच मौजूदा साझेदारी को और मजबूत करने और नए सहयोग के अवसर तलाशने का मौका देगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने पोस्ट में लिखा…
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट शेयर करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने लिखा, “टोक्यो पहुंच गया हूं। भारत और जापान अपने विकासात्मक सहयोग को मजबूत कर रहे हैं, ऐसे में मैं इस यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री इशिबा और अन्य लोगों के साथ बातचीत करने के लिए उत्सुक हूं, जिससे मौजूदा साझेदारियों को और मजबूत करने और सहयोग के नए रास्ते तलाशने का अवसर मिलेगा।”
उत्साहपूर्ण स्वागत, सांस्कृतिक जुड़ाव
प्रधानमंत्री मोदी के टोक्यो आगमन पर भारत में जापान के राजदूत ओनो केइची, जापान में भारत के राजदूत सिबी जॉर्ज और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने स्वागत किया।भारतीय प्रवासियों ने पारंपरिक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और उत्साहपूर्ण जयकारों के साथ पीएम मोदी का गर्मजोशी से अभिनंदन किया, जो दोनों देशों के बीच गहरे जन संबंधों का प्रतीक है।
शिखर सम्मेलन में प्रमुख मुद्दों पर चर्चा
ज्ञात हो, 29-30 अगस्त के दौरे के दौरान, पीएम मोदी जापान के प्रधानमंत्री शिगेरु इशिबा के साथ अपनी पहली औपचारिक द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। दोनों नेता रक्षा, सुरक्षा, व्यापार, निवेश, डिजिटल प्रौद्योगिकी, जलवायु कार्रवाई और नवाचार जैसे क्षेत्रों में सहयोग की समीक्षा करेंगे। हिंद-प्रशांत क्षेत्र और वैश्विक शांति से जुड़े मुद्दों पर भी विचार-विमर्श होने की उम्मीद है।
जापानी उद्योगपतियों से मुलाकात, आर्थिक सहयोग पर ज़ोर
प्रधानमंत्री मोदी की यह जापान की आठवीं यात्रा है, जो टोक्यो के साथ भारत की साझेदारी के महत्व को दर्शाती है। वे जापानी उद्योगपतियों और राजनीतिक नेताओं से मिलकर आर्थिक सहयोग और उभरते क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा करेंगे।
अगला पड़ाव: चीन में एससीओ शिखर सम्मेलन
जापान में अपने कार्यक्रमों के समापन के बाद, पीएम मोदी शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के राष्ट्राध्यक्षों की परिषद की 25वीं बैठक में भाग लेने के लिए चीन रवाना होंगे।
पिछली मुलाकातें
इससे पहले पीएम मोदी और प्रधानमंत्री इशिबा ने आखिरी बार जून 2025 में कनाडा के कनानसकीस में जी7 शिखर सम्मेलन और 2024 में वियनतियाने में आसियान-भारत शिखर सम्मेलन के दौरान बातचीत की थी।