हरियाणा के एआईसीसी प्रभारी संजय दत्त और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह के नेतृत्व में जिलेवार संवाद बैठकों के पांचवें चरण की शुरुआत 25 अगस्त से झज्जर जिले से होगी। इस चरण में विभिन्न जिलों में जिला कांग्रेस कमेटियों की कार्यकारिणी बैठकों के साथ विधानसभा क्षेत्रवार नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ व्यापक संवाद किया जाएगा।
25 अगस्त को झज्जर और भिवानी में कार्यक्रम
25 अगस्त को झज्जर, बेरी, बहादुरगढ़ और बादली विधानसभा क्षेत्रों के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं के साथ संवाद बैठकें आयोजित होंगी। इसी दिन झज्जर जिला कांग्रेस कमेटी, भिवानी ग्रामीण जिला कांग्रेस कमेटी और भिवानी शहरी जिला कांग्रेस कमेटी की कार्यकारिणी बैठकें भी होंगी।
26 अगस्त को भिवानी और दादरी में संवाद
26 अगस्त को भिवानी, लोहारू, बवानी खेड़ा, तोशाम, बाढड़ा और दादरी विधानसभा क्षेत्रों के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं के साथ संवाद किया जाएगा। इसी दिन दादरी जिला कांग्रेस कमेटी की कार्यकारिणी बैठक भी आयोजित होगी।
27 अगस्त को महेंद्रगढ़ में संगठनात्मक बैठकें
27 अगस्त को महेंद्रगढ़ जिला कांग्रेस कमेटी की कार्यकारिणी बैठक के साथ महेंद्रगढ़, नारनौल, अटेली और नांगल चौधरी विधानसभा क्षेत्रों के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं के साथ संवाद बैठकें आयोजित की जाएंगी।
इन बैठकों में स्थानीय स्तर पर संगठन की स्थिति, कार्यकर्ताओं की सक्रियता, क्षेत्रीय मुद्दों और बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने के उपायों पर चर्चा होगी। पार्टी नेतृत्व कार्यकर्ताओं से सुझाव लेकर संगठन को और प्रभावी बनाने की रणनीति पर भी विचार करेगा।
30-31 अगस्त को दिल्ली में नेताओं-कार्यकर्ताओं से मुलाकात
एआईसीसी प्रभारी संजय दत्त 30 और 31 अगस्त को 24 अकबर रोड, नई दिल्ली स्थित पार्टी मुख्यालय में हरियाणा के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे।
कांग्रेस के अनुसार, जिलेवार संवाद बैठकों के चार चरणों में अब तक हरियाणा के 16 जिलों, 24 जिला कांग्रेस कमेटियों और 63 विधानसभा क्षेत्रों में कार्यक्रम पूरे किए जा चुके हैं। पांचवें चरण के बाद यह संगठनात्मक संवाद अभियान 20 जिलों, 29 जिला कांग्रेस कमेटियों और 77 विधानसभा क्षेत्रों तक पहुंच जाएगा।
हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने कहा कि संवाद अभियान का उद्देश्य संगठन को जिला, विधानसभा और बूथ स्तर तक अधिक सक्रिय, मजबूत एवं प्रभावी बनाना है। साथ ही कार्यकर्ताओं और पार्टी नेतृत्व के बीच सीधा संवाद एवं बेहतर समन्वय स्थापित करना भी इस अभियान का प्रमुख उद्देश्य है।