उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को लखीमपुर खीरी के लोगों को बड़ी सौगात दी। महाराणा सांगा के जन्मदिवस से एक दिन पूर्व और महात्मा ज्योतिबा फुले के जन्मदिवस पर उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों में पेशेवर अपराधियों को संरक्षण मिलता था और महाराणा प्रताप व महाराणा सांगा के वंशजों पर अत्याचार होते थे। थारू समाज के जिन लोगों पर सपा सरकार में मुकदमे दर्ज हुए थे, उन्हें उनकी सरकार वापस लेगी।
थारू समाज को राहत, मुकदमे होंगे खत्म
सीएम योगी ने कहा कि संघर्ष करने वाले थारू समाज के लोगों पर दर्ज सभी मुकदमे वापस लिए जाएंगे। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अब किसी के साथ अन्याय नहीं होगा, क्योंकि डबल इंजन सरकार उनके साथ खड़ी है और उनके संघर्ष का सम्मान कर रही है।
माफिया पर सख्त चेतावनी
मुख्यमंत्री ने सख्त लहजे में कहा कि माफिया बनने का प्रयास करने वालों को मिट्टी में मिलने के लिए तैयार रहना चाहिए। सरकार किसी भी हाल में माफिया को पनपने, गरीबों का हक छीनने या युवाओं की नौकरी पर डकैती डालने नहीं देगी।
हजारों परिवारों को भूमि अधिकार
चंदन चौकी (पलिया) में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने 2350 प्रभावित परिवारों और 4356 थारू जनजाति परिवारों को भूमि अधिकार पट्टे वितरित किए। साथ ही पलिया, श्रीनगर, निघासन और गोला गोकर्णनाथ क्षेत्रों में 817 करोड़ रुपए की 314 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।
संस्कृति संरक्षण की सराहना
सीएम ने थारू जनजाति के कलाकारों की सांस्कृतिक प्रस्तुति देखी और उनकी परंपराओं को सहेजने के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि सच्चा शासन वही है, जहां जनता खुश हो और शासन संवेदनशीलता के साथ सेवा करता हो।
दशकों का इंतजार खत्म
मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्वी उत्तर प्रदेश से आए स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिवारों की तीन पीढ़ियां गुजर गईं, लेकिन उन्हें जमीन का अधिकार नहीं मिला। 1976 में थारू समाज को जमीन देने की बात कही गई थी, लेकिन स्वामित्व नहीं मिला। अब सरकार इन ऐतिहासिक अन्यायों को दूर कर रही है।
पिछली सरकारों पर निशाना
सीएम योगी ने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि उनमें संवेदना का अभाव था और वे परिवारवाद में उलझी रहीं। उन्होंने कहा कि समाज को बांटने वाली राजनीति से अधिकारों की उम्मीद नहीं की जा सकती।
रोजगार और स्वरोजगार पर जोर
मुख्यमंत्री ने विधायक रोमी साहनी को बेकरी व्यवसाय के विस्तार का सुझाव देते हुए कहा कि थारू समाज के स्वयं सहायता समूहों को इससे जोड़कर उत्पादों को तराई और उत्तराखंड तक भेजा जा सकता है। क्षेत्र में 300 से अधिक महिला समूह सक्रिय हैं।
किसानों के लिए राहत का भरोसा
सीएम ने कहा कि ओलावृष्टि और अतिवृष्टि से प्रभावित किसानों के लिए सर्वे कराया जा रहा है। फसल बीमा योजना और आपदा राहत कोष से मदद दी जाएगी। जनहानि और पशुहानि पर 24 घंटे के भीतर सहायता देने के निर्देश दिए गए हैं।
लाभार्थी से उद्यमी बनाने की योजना
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार थारू समाज को लाभार्थी से उद्यमी बनाने पर काम कर रही है। खीरी में स्थापित थारू हस्तशिल्प कंपनी इसका उदाहरण है। साथ ही भीमराव आंबेडकर, महर्षि वाल्मीकि और संत रविदास की मूर्तियों पर छत्र और बाउंड्रीवाल बनाने की भी घोषणा की गई।