मास्को: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का इजरायल-अमरीका और ईरान युद्ध पर बड़ा बयान सामने आया है। पुतिन ने कहा है कि अब आगे जो होगा…कोई नहीं बता सकता क्या होने वाला है। ये युद्ध अब ‘कोरोना काल’ से भी खतरनाक होने वाला है। पुतिन ने मौजूदा ईरान युद्ध की स्थिति को कोरोना महामारी से भी बदतर करार दिया। उन्होंने कहा कि ईरान संघर्ष में शामिल पक्ष भी यह नहीं बता सकते कि आगे क्या होगा, क्योंकि वैश्विक अर्थव्यवस्था तेजी से दरक रही है। पुतिन ने चेतावनी देते हुए कहा कि ईरान-युद्ध की वर्तमान स्थिति को काफी विशेषज्ञ कोरोना वायरस महामारी से भी बदतर मान रहे हैं। हालात यह हैं कि ईरानी संघर्ष के प्रतिभागी भी अगले घटनाक्रम की भविष्यवाणी नहीं कर सकते।
पुतिन का यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमरीका-इजरायल और ईरान के बीच युद्ध तेज हो गया है। होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान की पकड़, तेल निर्यात में व्यवधान और मिसाइल हमलों ने पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को हिला दिया है। रूस के राष्ट्रपति ने कहा कि कोई भी पक्ष-चाहे अमरीका हो, इजरायल हो या ईरान…युद्ध के पूर्ण परिणामों का अनुमान नहीं लगा सकता। पुतिन ने अप्रत्यक्ष रूप से अमरीका की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि इस संघर्ष ने दुनिया को अनिश्चितता के गहरे समुद्र में धकेल दिया है। विश्लेषकों के अनुसार होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने या गंभीर रूप से प्रभावित होने से विश्व के 20 प्रतिशत तेल परिवहन प्रभावित हो सकता है। इससे यूरोप, एशिया और अफ्रीका में तेल की कमी, महंगाई और आर्थिक मंदी का खतरा बढ़ गया है।
रूस ने यूएन को यूक्रेन के अत्याचारों की रिपोर्ट सौंपी
मॉस्को। रूस ने संयुक्त राष्ट्र (यूएन) को यूक्रेन के सशस्त्र बलों द्वारा रूसी युद्धबंदियों पर किए गए अत्याचारों के संबंध में दो रिपोर्टें सौंपी हैं। रूस के विदेश मंत्रालय में यूक्रेन शासन के अपराधों पर विशेष दूत रोडियन मिरोशनिक ने यह जानकारी दी है। श्री मिरोशनिक ने कहा कि हमने अत्याचारों पर दो रिपोर्टें सौंपी हैं, जिनमें युद्धबंदियों पर किए गए अत्याचारों के संबंध में तीसरे जेनेवा सम्मेलन के उल्लंघन का जिक्र है। हमने अकाट््य सबूत पेश किए हैं: प्रत्यक्ष बयान और उन लोगों के हवाले, जो यूक्रेनी कैद से लौटकर आए हैं।