भारत के विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा और बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन ने तेहरान में ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह सैयद अली खामेनेई के अंतिम संस्कार समारोह में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। दोनों नेताओं ने भारत सरकार और देशवासियों की ओर से शोक संवेदनाएं व्यक्त कीं।
पबित्रा मार्गेरिटा ने दी जानकारी
विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, “बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन और मैंने तेहरान में अयातुल्लाह सैयद अली खामेनेई के अंतिम संस्कार समारोह में भारत का प्रतिनिधित्व किया। हमने भारत सरकार और भारत के लोगों की ओर से श्रद्धांजलि दी।”
अमेरिका-इजराइल के हमले में हुई थी मौत
अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल के एक बड़े हमले में हुई थी, जिसके बाद ईरान में 46 वर्षों से जारी शिया धार्मिक नेतृत्व में बड़ा बदलाव आया। इसके बाद मार्च में उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को ईरान का नया सर्वोच्च नेता चुना गया।
भारत ने बताए मजबूत द्विपक्षीय संबंध
भारत के विदेश मंत्रालय ने कहा कि इस अवसर पर भारत का उच्च-स्तरीय प्रतिनिधित्व दोनों देशों के बीच मजबूत सभ्यतागत संबंधों का प्रतीक है। इससे दोनों देशों के बीच जन-संपर्क, राजनीतिक संवाद और आर्थिक सहयोग को और मजबूती मिलेगी।
कई चरणों में होंगे अंतिम संस्कार के कार्यक्रम
अंतिम विदाई समारोह 4 और 5 जुलाई को तेहरान स्थित इमाम खुमैनी मोसल्ला प्रार्थना हॉल में आयोजित किए जाएंगे। इसके बाद 6 जुलाई को तेहरान में अंतिम संस्कार से जुड़े कार्यक्रम होंगे। सात जुलाई को कोम शहर में अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। तस्नीम समाचार एजेंसी के अनुसार, अंतिम समारोह 9 जुलाई को मशहद में आयोजित होगा, जिसके बाद अयातुल्लाह अली खामेनेई को इमाम रजा की पवित्र दरगाह में दफनाया जाएगा।
भारत पहले भी जता चुका है शोक
5 मार्च को भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने नई दिल्ली स्थित ईरानी दूतावास जाकर संवेदना पुस्तिका पर हस्ताक्षर किए थे और भारत सरकार की ओर से अयातुल्लाह अली खामेनेई के निधन पर शोक व्यक्त किया था। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने भी ‘एक्स’ पर जानकारी दी थी कि विदेश सचिव ने ईरानी दूतावास पहुंचकर भारत सरकार और देशवासियों की ओर से संवेदना प्रकट की।