फरीदकोट : फरीदकोट के मिनी सचिवालय स्थित डिप्टी कमिश्नर कार्यालय को मंगलवार दोपहर ई-मेल के माध्यम से बम से उड़ाने की धमकी मिलने से प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एहतियाती कदम उठाए और मिनी सचिवालय परिसर को तुरंत खाली करवाकर सुरक्षा जांच शुरू कर दी।
बताया जा रहा है कि डीसी कार्यालय को भेजी गई धमकी भरी ई-मेल कथित तौर पर ‘खालिस्तान नेशनल आर्मी’ के नाम से भेजी गई थी। ई-मेल मिलने के बाद इसकी जानकारी तत्काल पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई। इसके बाद मिनी सचिवालय में मौजूद सरकारी अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ-साथ अपने काम के सिलसिले में पहुंचे लोगों को भी सुरक्षित बाहर निकाल दिया गया।
धमकी की सूचना मिलते ही डीएसपी तरलोचन सिंह की अगुवाई में पुलिस की टीमें मिनी सचिवालय पहुंची। सुरक्षा जांच के लिए एंटी-सैबोटाज टीम और डॉग स्क्वायड को भी मौके पर बुलाया गया। टीमों ने पूरे मिनी सचिवालय परिसर, डीसी कार्यालय की इमारत, आसपास के क्षेत्र और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों की गहनता से जांच की। इस दौरान पुलिस ने परिसर के विभिन्न हिस्सों को बारीकी से खंगाला, लेकिन कोई संदिग्ध वस्तु या आपत्तिजनक सामान बरामद नहीं हुआ।
डीएसपी तरलोचन सिंह ने बताया कि ई-मेल के जरिए मिली धमकी को पुलिस ने गंभीरता से लिया है और किसी भी तरह का जोखिम न उठाते हुए तुरंत सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई। उन्होंने कहा कि इससे पहले भी पंजाब के विभिन्न इलाकों और फरीदकोट में इस प्रकार की फर्जी या होक्स धमकियां सामने आती रही हैं। बावजूद इसके पुलिस प्रत्येक सूचना की पूरी गंभीरता से जांच करती है और सुरक्षा के सभी जरूरी इंतजाम किए जाते हैं।
डीएसपी ने कहा कि तलाशी के दौरान अभी तक कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है। हालांकि एहतियात के तौर पर मिनी सचिवालय परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और पुलिस द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है। वहीं, धमकी भरी ई-मेल भेजने वाले व्यक्ति का पता लगाने के लिए तकनीकी स्तर पर जांच शुरू कर दी गई है।
पुलिस ई-मेल के स्रोत और इसे भेजने वाले व्यक्ति की पहचान करने में जुटी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।