दूरसंचार विभाग (डीओटी) ने सेल्युलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआई) के सहयोग से मध्य प्रदेश के ग्वालियर में प्रस्तावित दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) को आगे बढ़ाने के लिए मुंबई में इंडस्ट्री से जुड़ी दो अहम बैठकों का आयोजन किया। केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इन दोनों कार्यक्रमों की संयुक्त रूप से अध्यक्षता की।
इस दौरान केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा, टीएमजेड वैश्विक दूरसंचार विनिर्माण मानचित्र पर भारत की स्थिति को मजबूत करेगा। उन्होंने कहा कि भारत को अब सेवाओं पर आधारित देश से उत्पादों पर आधारित देश बनने की ओर बढ़ना होगा। इस बदलाव को हासिल करने के लिए हमें तीन-तरफ़ा रणनीति अपनानी होगी: घरेलू मूल्यवर्धन को बढ़ाना, भारत में बौद्धिक संपदा का निर्माण करना और भारतीय-डिजाइन और भारतीय-निर्मित दूरसंचार उत्पादों को दुनिया के हर कोने तक पहुंचने में सक्षम बनाना होगा।
कल मंगलवार को आयोजित हुई ये दोनों बैठकें ग्वालियर में भारत के अपनी तरह के पहले दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम पड़ाव हैं। इस दौरान चर्चा में टीएमजेड की निवेश क्षमता, घरेलू विनिर्माण क्षमताओं को मजबूत करने, निर्यात को बढ़ावा देने, आयात निर्भरता को कम करने और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी दूरसंचार और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण पारिस्थितिकी तंत्र बनाने पर ध्यान केंद्रित किया गया। इस मौके पर दूरसंचार विभाग के सचिव अमित अग्रवाल भी मौजूद थे।
पहली बैठक एक निवेशक गोलमेज सम्मेलन था, जिसका मकसद ग्वालियर में प्रस्तावित दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) में निवेश आकर्षित करना और अधिक से अधिक उद्योग जगत की भागीदारी सुनिश्चित करना था। निवेशक गोलमेज सम्मेलन में क्वालकॉम, एनटीटी डेटा, जियो और अन्य प्रमुख कंपनियों सहित प्रमुख दूरसंचार और इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों ने भाग लिया। इस दौरान चर्चा में टीएमजेड की निवेश क्षमता, घरेलू विनिर्माण क्षमताओं को मजबूत करने, निर्यात को बढ़ावा देने, आयात निर्भरता को कम करने और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी दूरसंचार और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण पारिस्थितिकी तंत्र बनाने पर ध्यान केंद्रित किया गया।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मैं इस परियोजना में शामिल सभी अधिकारियों को धन्यवाद देना चाहता हूं। यह महत्वपूर्ण परियोजना दूरसंचार के क्षेत्र में मध्य प्रदेश सरकार और केंद्र सरकार के बीच एक संयुक्त प्रयास है। मध्य प्रदेश विशेष रूप से विनिर्माण से संबंधित उद्योग लगाने के लिए सबसे पसंदीदा जगह बनकर उभरा है। इसे ध्यान में रखते हुए मैं आप सभी को मध्य प्रदेश में आने और निवेश करने के लिए आमंत्रित करना चाहता हूं।
मुंबई में निवेशक गोलमेज सम्मेलन के समापन पर भाग लेने वाली कंपनियों ने 2,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश की प्रतिबद्धता जताई, जिससे दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) के तहत 4,000 से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होने की उम्मीद है। कुल मिलाकर दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) के लिए उद्योग जगत की ओर से 5500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश और 18,000 से अधिक रोजगार के अवसरों की प्रतिबद्धता जताई गई।
क्वालकॉम, एरिक्सन और नोकिया सहित आठ वैश्विक तकनीकी दिग्गज कंपनियों के साथ-साथ टीसीएस और टेक महिंद्रा जैसी प्रमुख आईटी कंपनियों ने दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) को निवेश गंतव्य के रूप में देखने और वहां ग्लोबल सर्विस सपोर्ट और डिवेलपमेंट सेंटर स्थापित करने में दिलचस्पी दिखाई।
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने भारतीय स्टार्टअप और टेक इकोसिस्टम को बढ़ावा देने में निवेशकों की भूमिका की सराहना की। उन्होंने निवेशकों को 7 से 10 अक्टूबर 2026 तक नई दिल्ली के यशोभूमि में आयोजित होने वाली इंडिया मोबाइल कांग्रेस में आमंत्रित किया।