रूपनगर : आईआईटी रोपड़ के लिए गर्व का क्षण है कि संस्थान के निदेशक प्रो. राजीव अहूजा को थलसेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, पीवीएसएम, एवीएसएम द्वारा उनके कार्यालय में एक औपचारिक भेंट के दौरान चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया है।
भारतीय थलसेना प्रमुख द्वारा दी गई यह मान्यता रक्षा प्रौद्योगिकी और अनुसंधान के क्षेत्र में आईआईटी रोपड़ के बढ़ते योगदान की सीधी स्वीकृति है और यह संस्थान के राष्ट्रीय सुरक्षा पारिस्थितिकी तंत्र में एक महत्वपूर्ण भागीदार के रूप में उभरने को रेखांकित करती है।
आभार व्यक्त करते हुए प्रो. अहूजा ने कहा, “मैं प्रमुख द्वारा प्रदान किए गए इस सम्मान के लिए अत्यंत कृतज्ञ और विनम्र हूं। मैं यह सम्मान टीम आईआईटी रोपड़ की उस मेहनत को समर्पित करता हूं जिसने देश की सुरक्षा को सुदृढ़ करने के लिए रक्षा अनुसंधान और नवाचार का एक सशक्त पारिस्थितिकी तंत्र तैयार किया है। यह मान्यता हमें रक्षा में आत्मनिर्भरता सुनिश्चित करने के अपने संकल्प को पूरा करने के लिए नई प्रेरणा देगी।”
आईआईटी रोपड़ ने महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में अपनी रक्षा अनुसंधान क्षमता को निरंतर विकसित किया है। आर्मी टेक्नोलॉजी बोर्ड के सहयोग से संस्थान के शोधकर्ता और संकाय सदस्य वर्तमान में रेज़िलिएंट हैबिटेट, ऑटोनोमस आर्म्ड व्हीकल्स और डायरेक्टेड एनर्जी वेपन्स जैसे भारतीय सेना के लिए सर्वाधिक रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में अग्रणी परियोजनाओं पर कार्य कर रहे हैं।
आईआईटी रोपड़ के लिए रक्षा अनुसंधान और नवाचार केवल एक संस्थागत दायित्व नहीं है। यह एक मिशन है।