मराठा साम्राज्य के संस्थापक एवं ‘हिंदवी स्वराज्य’ के प्रणेता छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती पर उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और विभिन्न दलों के शीर्ष नेताओं ने उनके अदम्य साहस, दूरदर्शी नेतृत्व और जनकल्याणकारी शासन को नमन करते हुए उनके आदर्शों को राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरणास्रोत बताया।
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने एक्स लिखा यह संदेश
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने अपने एक्स संदेश में शिवाजी महाराज का स्वराज्य के वास्तुकार, धर्म के रक्षक, निर्भीक योद्धा और जनकेंद्रित शासन के समर्थक के रूप में स्मरण किया। उन्होंने कहा कि शिवाजी महाराज का जीवन आज भी साहस, न्याय और निस्वार्थ नेतृत्व की प्रेरणा देता है।
अमित शाह ने कहा- शिवाजी महाराज ने राष्ट्र और संस्कृति की रक्षा के लिए सशक्त सेना का निर्माण किया
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि शिवाजी महाराज ने अल्पायु में ही हिंदवी स्वराज की स्थापना का संकल्प लिया और राष्ट्र के कण-कण में स्वधर्म, स्वराज और स्वभाषा के लिए जीने-मरने की जिजीविषा जागृत की। उन्होंने हर वर्ग को संगठित कर राष्ट्र और संस्कृति की रक्षा के लिए सशक्त सेना का निर्माण किया।
ओम बिरला ने कहा- उनका जीवन स्वाभिमान की स्वर्णिम गाथा है
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने शिवाजी महाराज को पराक्रम और प्रजावत्सलता का दिव्य संगम बताते हुए कहा कि उनका जीवन स्वाभिमान की स्वर्णिम गाथा है, जो युगों तक प्रेरणा देता रहेगा।
नितिन गडकरी ने “जाणता राजा” कहकर नमन किया
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने मराठी में श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्हें “जाणता राजा” कहकर नमन किया।
राजनाथ सिंह ने कहा- शिवाजी महाराज ने भारत की संस्कृति की रक्षा की
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि शिवाजी महाराज ने अपने पराक्रम और कल्याणकारी शासन से स्वराज्य के विचार को मजबूत किया तथा प्रतिकूल परिस्थितियों में भी भारत की संस्कृति की रक्षा की।
नितिन नवीन ने शिवाजी महाराज को अदम्य पराक्रम का प्रतीक बताया
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने शिवाजी महाराज को अदम्य पराक्रम का प्रतीक बताते हुए कहा कि उनका जीवन राष्ट्रभक्ति, कर्तव्य और न्याय का आदर्श है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शिवाजी महाराज को हिंदवी स्वराज्य के प्रणेता और शौर्य के शिखर पुरुष के रूप में स्मरण करते हुए कहा कि उनका जीवन पराक्रम, न्याय और सुशासन का अद्वितीय समन्वय है।