16 जुलाई को इंडिया और इंग्लैंड के बीच कार्डिफ में 3 मैचों की वनडे सीरीज का दूसरा मुकाबला खेला जा रहा था। इसी दौरान एक रिपोर्ट सामने आई कि 19 जुलाई को लंदन के लॉर्ड्स में इंडिया और इंग्लैंड के बीच होने वाला तीसरा वनडे मैच रोहित शर्मा का आखिरी इंटरनेशनल मैच होगा। रिपोर्ट में ये भी दावा किया गया था कि चयनकर्ताओं ने उन्हें बोल दिया है कि या तो वे खुद रिटायरमेंट का ऐलान कर दें, अन्यथा उन्हें आगे टीम में नहीं चुना जाएगा। रोहित शर्मा ने उस मैच में शतक जड़कर सभी की बोलती बंद कर दी। यहां तक कि बीसीसीआई के सचिव देवजीत सैकिया की ओर से भी बयान आ गया था कि ऐसी कोई चर्चा नहीं हुई है। अब खबर है कि खुद चीफ सिलेक्टर अजीत अगरकर की कुर्सी पर खतरा है।
दरअसल, दैनिक जागरण की रिपोर्ट में विस्तार से बताया गया है कि जून 2026 में ही अजीत अगरकर का कार्यकाल बतौर मुख्य चयनकर्ता समाप्त हो गया था, लेकिन भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई ने 3 महीने के लिए उनके कार्यकाल को एक्सटेंड कर दिया था। इस बीच रोहित शर्मा के रिटायरमेंट से जुड़ा विवाद सामने आ गया। इसको लेकर बीसीसीआई नाखुश है। यही कारण है कि अजीत अगरकर को 2027 के वनडे विश्व कप तक चीफ सिलेक्टर के रूप में देखा जा रहा था और उनका कार्यकाल बढ़ाए जाने की संभावना थी, जो कि अब बहुत कम हो गई है।
सितंबर 2027 तक वे टीम इंडिया के चीफ सिलेक्टर बने रहेंगे, लेकिन सितंबर में ही बीसीसीआई की सालाना बैठक होनी है, जिसमें अजीत अगरकर का भविष्य तय होने की उम्मीद है। रिपोर्ट में बताया गया है कि अभी ये विचार के स्तर पर है, लेकिन बीसीसीआई के पदाधिकारी अब सेंटर ऑफ एक्सीलेंस यानी सीओई के प्रमुख वीवीएस लक्ष्मण को चीफ सिलेक्टर के रूप में देख रहे हैं। विराट कोहली और रोहित शर्मा जैसे दिग्गज भी इस महान खिलाड़ी की किसी बात को टाल नहीं पाएंगे।
अभी भी अजीत अगरकर हैं दावेदार
जुलाई 2023 में अजीत अगरकर को टीम इंडिया की चीफ सिलेक्टर नियुक्त किया गया था। इसके बाद से बीते 3 साल में टीम इंडिया ने 3 आईसीसी खिताब जीते हैं, लेकिन बीते कुछ समय में जो चीजें हुई हैं, उससे उनकी पोजिशन थोड़ी कमजोर हुई है। बीसीसीआई अभी इस पर विचार कर रहा है कि अगरकर को वर्ल्ड कप 2027 के लिए एक्सटेंशन दिया जाए या फिर वीवीएस लक्ष्मण को नया मुख्य चनयकर्ता नियुक्त किया जाए। अगरकर के लिए श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज अहम है। अगर भारत इस सीरीज में जीतता है तो फिर उनका कार्यकाल आगे बढ़ सकता है। खुद अगरकर भी चाहते हैं कि वह विश्व कप तक सिलेक्टर बने रहें। हालांकि, बीसीसीआई ने उन्हें कोई आश्वासन नहीं दिया है।