डॉ अर्चिता महाजन न्यूट्रीशन डाइटिशियन एवं चाइल्ड केयर, मास्टर्स डिग्री इन फूड न्यूट्रिशन एंड डाइटिशियन,होम्योपैथिक फार्मासिस्ट एवं ट्रेंड योगा टीचर नॉमिनेटेड फॉर पद्म भूषण राष्ट्रीय पुरस्कार और पंजाब सरकार द्वारा सम्मानित और हिमाचल सरकार द्वारा सम्मानित और लेफ्टिनेंट गवर्नर लद्दाख श्री कविंदर गुप्ता जी द्वारा सम्मानित ने बताया कि मेडिकल जर्नल The Lancet में पब्लिश हुई नई रिसर्च के मुताबिक, मानसिक विकार अब दुनिया में डिसेबिलिटी यानी लंबे समय तक सामान्य जिंदगी प्रभावित करने वाली सबसे बड़ी वजह बन चुके हैं. साल 2023 में दुनिया भर में करीब 1.2 अरब लोग किसी न किसी मानसिक बीमारी के साथ जी रहे थे. हैरानी की बात ये है कि 1990 के मुकाबले यह संख्या लगभग दोगुनी हो चुकी है.
युवाओं में सबसे ज्यादा है मेंटल स्ट्रेस-
स्टडी में सबसे ज्यादा चिंता युवाओं को लेकर जताई गई है. 15 से 19 साल की उम्र के किशोर और युवा मानसिक समस्याओं से सबसे ज्यादा प्रभावित पाए गए. सोशल मीडिया प्रेशर, अकेलापन, पढ़ाई और करियर का तनाव, टूटते सामाजिक रिश्ते और लगातार बढ़ती असुरक्षा इसके बड़े कारण बन रहे हैं. रिसर्च में यह भी सामने आया कि महिलाओं में एंग्जायटी और डिप्रेशन के मामले पुरुषों की तुलना में ज्यादा तेजी से बढ़े हैं. 2023 में दुनिया भर में लगभग 62 करोड़ महिलाएं किसी न किसी मानसिक विकार से जूझ रही थीं.
योग मानसिक स्वास्थ्य (Mental Health) को बेहतर बनाने, तनाव कम करने और चिंता (Anxiety) व अवसाद (Depression) के लक्षणों को नियंत्रित करने का एक बेहतरीन वैज्ञानिक माध्यम है। जब हम योग करते हैं, तो यह हमारे मस्तिष्क में 'सेरोटोनिन' और 'एंडोर्फिन' जैसे हैप्पी हार्मोन को बढ़ाता है और तनाव पैदा करने वाले 'कोर्टिसोल' हार्मोन के स्तर को कम करता है। मानसिक शांति और संतुलन के लिए आप निम्नलिखित योगासनों और प्राणायाम को अपनी दिनचर्या में शामिल कर सकते हैं।मानसिक स्वास्थ्य के लिए मुख्य योगासन
सुखासन (Easy Pose): यह ध्यान लगाने का सबसे सरल आसन है जो रीढ़ की हड्डी को सीधा रखता है, अत्यधिक विचारों को रोकता है और दिमाग को शांत करता है।
पद्मासन (Lotus Pose): पालथी मारकर बैठने की यह मुद्रा मन को एकाग्र करने और मानसिक थकान को दूर करने के लिए प्रसिद्ध है।
विपरीत करनी (Legs-Up-the-Wall Pose): दीवार के सहारे पैरों को ऊपर करके लेटने से मस्तिष्क में रक्त का प्रवाह बेहतर होता है, जिससे चिंता और अनिद्रा (Insomnia) की समस्या दूर होती है।
शवासन (Corpse Pose): योग सत्र के अंत में किया जाने वाला यह आसन पूरे शरीर और तंत्रिका तंत्र (Nervous System) को गहरी शिथिलता (Relaxation) प्रदान करता है