नई दिल्ली: विनेश फोगाट ने रेस्लिंग से संन्यास वापसी के संकेत दिए हैं। पैतृक गांव बलाली पहुंचने पर विनेश ने संन्यास के सवाल पर कहा, जिस रेस्लिंग को मैं छोडऩा चाहती थी या छोड़ दिया है, मैं इस पर कुछ नहीं कह सकती। आपके प्यार से मुझे बहुत हिम्मत मिली है। विनेश ने मेडल न ला पाने पर कहा, ओलंपिक मेडल का बहुत गहरा घाव है। मुझे लगता है कि इससे उबरने में बहुत टाइम लगता है, मगर लोगों के प्यार से घाव भरने में हिम्मत मिलेगी। पैतृक गांव पहुंचने के बाद विनेश का गांव के स्टेडियम में सम्मान किया गया।
हालांकि मंच पर पहुंचते ही विनेश की तबीयत बिगड़ गई। जिस पर विनेश ने कुर्सी पर बैठकर ही लोगों से बात की। रविवार सुबह भी तबीयत बिगडऩे की वजह से उन्होंने मीडिया से बात नहीं की। विनेश ने लोगों से कहा, मैं खुद को बहुत भाग्यशाली मानती हूं, मैंने ऐसे गांव में जन्म लिया है। आज मैं गांव का कर्ज अदा करने में अपनी भूमिका निभा पाई हूं। मैं चाहती हूं कि गांव से मेरी एक बहन निकले जो मेरे रेस्लिंग का रिकॉर्ड तोड़े। विनेश ने आगे कहा कि जिंदगी की लड़ाई बहुत लंबी है। हमारी लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है।