चंडीगढ़ : हरियाणा सरकार अपने सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों के नैटवर्क को एक सिंगल डिजीटल मैप पर लाने की तैयारी कर रही है। इससे नागरिक एक क्लिक के माध्यम से अस्पतालों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, उप-स्वास्थ्य केंद्रों और आयुष सुविधाओं की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे, साथ ही नीति निर्माताओं को पूरे राज्य में स्वास्थ्य देखभाल के बुनियादी ढांचे और सेवाओं की कमियों का स्पष्ट चित्र मिल सकेगा।
जियोग्राफिकल इंफॉर्मेशन सिस्टम (जी.आई.एस.) मैपिंग के जरिए विकसित इस पहल का उद्देश्य स्वास्थ्य, आयुष और चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान विभागों के स्वास्थ्य संस्थानों से जुड़ी जानकारी को एक एकीकृत मंच पर लाना है, ताकि बिखरे हुए विभागीय रिकॉर्ड्स की जगह एक अधिक सुलभ और समन्वित सूचना प्रणाली स्थापित की जा सके।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डा. सुमिता मिश्रा ने रविवार को बैठक में इस कार्य की प्रगति की समीक्षा की, जहां हरियाणा भर की स्वास्थ्य सुविधाओं के जी.आई.एस. मैपिंग डाटा को प्रस्तुत किया गया। उन्होंने बताया कि इस मैपिंग प्रक्रिया से डिजीटल इंटरफेस के माध्यम से किसी भी स्वास्थ्य सुविधा की भौगोलिक स्थिति, बुनियादी संस्थागत जानकारी और तस्वीरें प्राप्त करना संभव हो जाएगा जिससे राज्य के स्वास्थ्य नैटवर्क से जुड़ी जरूरी जानकारियां एक ही जगह पर मिल सकेंगी। डा. मिश्रा ने स्वास्थ्य विभाग के डाटा को एक ही मंच पर समेकित करने और जहां भी संभव हो जानकारी जनता तक उपलब्ध करवाने की आवश्यकता पर बल दिया।