Wednesday, May 13, 2026
BREAKING
पंजाब स्टेट ह्यूमन राइट्स कमीशन ने एडिटर करनजीत कौर को कोर ग्रुप टीम में किया शामिल भगवंत मान सरकार की शिक्षा क्रांति का असर, 10वीं बोर्ड परीक्षा में पहले तीन में दो स्थानों पर छात्राओं ने मारी बाजी भगवंत मान सरकार द्वारा सरकारी नौकरियों में अग्निवीरों के लिए आरक्षण नीति को अंतिम रूप देने हेतु उच्चस्तरीय कमेटी का गठन भगवंत मान सरकार श्री गुरु रविदास जी द्वारा दिखाए गए समानता के सिद्धांतों पर कार्य कर रही है; युवा गुरु साहिब के ‘बेगमपुरा’ के संकल्प वाला भारत बनाने के लिए आगे आएं : हरपाल सिंह चीमा अमन अरोड़ा ने उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री के रूप में पदभार संभाला पीएम मोदी ने हिमंता सरमा को सीएम बनने पर दी बधाई, बताया बेहतरीन प्रशासक असम : कौन हैं रामेश्वर तेली, जिन्हें हिमंता बिस्वा सरमा की कैबिनेट में मिली जगह? नीट परीक्षा रद्द, सीबीआई करेगी जांच, जल्द होगा नई परीक्षा की डेट का ऐलान सिंगापुर ने असम में जीत के लिए हिमंता बिस्वा सरमा को दी बधाई, राज्य के विकास के लिए दोहराया समर्थन मुझे खुशी है बंगाल के लोगों को 'आयुष्मान भारत' का लाभ मिलेगा: पीएम मोदी

बाज़ार

करेंसी बाजार में उथल-पुथल, 13 जून के बाद रुपए में सबसे बड़ी गिरावट, जानिए क्यों?

07 जुलाई, 2025 06:46 PM

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से BRICS देशों पर 10% अतिरिक्त टैरिफ लगाने की चेतावनी के बाद सोमवार को भारतीय रुपया भारी दबाव में आ गया। डॉलर के मुकाबले रुपया 47 पैसे टूटकर 85.86 पर बंद हुआ, जो कि 13 जून के बाद की सबसे बड़ी गिरावट है।

कारोबार के दौरान रुपया 86 के पार भी चला गया था लेकिन बाद में RBI की संभावित दखलअंदाजी से आंशिक सुधार देखा गया।

मुख्य कारण और घटनाक्रम:
1. ट्रंप की टैरिफ चेतावनी से बढ़ा वैश्विक दबाव
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि जो देश BRICS की एंटी-अमेरिकन नीति को समर्थन देंगे, उन पर 10% एक्स्ट्रा टैरिफ लगाया जाएगा। उन्होंने यह भी जोड़ा कि “इस नीति में कोई छूट नहीं दी जाएगी।”

2. BRICS देश डॉलर से बाहर निकलने की कोशिश में
BRICS देशों ने हाल ही में क्रॉस-बॉर्डर पेमेंट सिस्टम विकसित करने पर सहमति जताई है, जिससे डॉलर पर निर्भरता घटेगी। ट्रंप पहले ही 100% टैरिफ की चेतावनी दे चुके हैं यदि डॉलर को दरकिनार किया गया।


3. डॉलर इंडेक्स में रिकवरी, बाजार में बेचैनी
डॉलर इंडेक्स सोमवार को 0.22% बढ़कर 97.39 पर पहुंचा, जिससे रुपए पर अतिरिक्त दबाव बना। हालांकि सालभर में अब तक इसमें 10.5% की गिरावट दर्ज की गई है।

4. फेड मीटिंग मिनट्स पर टिकी नजरें
अब बाजार की निगाहें फेडरल रिजर्व की आगामी मीटिंग के मिनट्स पर हैं, जो डॉलर की आगामी दिशा तय करेंगे। विश्लेषकों का मानना है कि रुपया निकट भविष्य में 85.25 से 86.25 के दायरे में रह सकता है।

5. कच्चे तेल की कीमतों में हलचल
OPEC+ द्वारा उत्पादन बढ़ाने के फैसले के बाद क्रूड की कीमतों में मामूली बदलाव देखा गया।
Brent Crude: $68.53 (0.34%↑)
WTI Crude: $66.86 (0.21%↓)

 

Have something to say? Post your comment

और बाज़ार खबरें

गूगल और एप्पल ने आरसीएस मैसेजिंग के लिए शुरू किया एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन

गूगल और एप्पल ने आरसीएस मैसेजिंग के लिए शुरू किया एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन

हॉर्मुज स्ट्रेट के खुलने के बाद भी 100 डॉलर की रेंज में रह सकता है कच्चा तेल : रिपोर्ट

हॉर्मुज स्ट्रेट के खुलने के बाद भी 100 डॉलर की रेंज में रह सकता है कच्चा तेल : रिपोर्ट

केंद्र ने ऑफशोर और डीपवाटर तेल एवं गैस ब्लॉक पर घटाई रॉयल्टी

केंद्र ने ऑफशोर और डीपवाटर तेल एवं गैस ब्लॉक पर घटाई रॉयल्टी

सोने की चमक बढ़ी, चांदी 2.80 लाख रुपए के पार

सोने की चमक बढ़ी, चांदी 2.80 लाख रुपए के पार

वैश्विक अस्थिरता से सोने और चांदी में सीमित दायरे में कारोबार

वैश्विक अस्थिरता से सोने और चांदी में सीमित दायरे में कारोबार

ईरान-अमेरिका में तनाव के बीच भारतीय शेयर बाजार लाल निशान में खुला; निफ्टी 24000 के नीचे

ईरान-अमेरिका में तनाव के बीच भारतीय शेयर बाजार लाल निशान में खुला; निफ्टी 24000 के नीचे

11 May Petrol-Diesel Price: पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट जारी, यहां चेक करें प्रमुख शहरों का भाव

11 May Petrol-Diesel Price: पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट जारी, यहां चेक करें प्रमुख शहरों का भाव

भारतीय शेयर बाजार की शीर्ष 10 में से चार कंपनियों का मार्केट कैप एक लाख करोड़ रुपए से अधिक घटा

भारतीय शेयर बाजार की शीर्ष 10 में से चार कंपनियों का मार्केट कैप एक लाख करोड़ रुपए से अधिक घटा

भारत का निजी पूंजीगत खर्च 67 प्रतिशत बढ़कर 7.7 लाख करोड़ रुपए हुआ: सीआईआई

भारत का निजी पूंजीगत खर्च 67 प्रतिशत बढ़कर 7.7 लाख करोड़ रुपए हुआ: सीआईआई

मार्केट आउटलुक: तिमाही नतीजे, अमेरिका-ईरान तनाव और कच्चा तेल निर्धारित करेगा शेयर बाजार का रुझान

मार्केट आउटलुक: तिमाही नतीजे, अमेरिका-ईरान तनाव और कच्चा तेल निर्धारित करेगा शेयर बाजार का रुझान