साहिबज़ादा अजीत सिंह नगर : उपायुक्त श्रीमती कोमल मित्तल ने जिले के किसानों से अपील की है कि वे मंडियों में सूखा और पूरी तरह पका हुआ धान ही लेकर आएं, ताकि खरीद प्रक्रिया सुचारू रूप से संपन्न हो सके और किसानों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने किसानों से फसल अवशेषों को आग न लगाने तथा पर्यावरण की रक्षा के लिए पराली के उचित प्रबंधन के तरीके अपनाने की भी अपील की।
जिले में धान खरीद प्रबंधों की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने बताया कि अब तक जिले की मंडियों में 1,11,788 मीट्रिक टन धान की आवक हुई है, जिसमें से 1,11,262 मीट्रिक टन धान की खरीद की जा चुकी है। इसके अतिरिक्त, अब तक 61,018 मीट्रिक टन धान का उठान भी किया जा चुका है। चालू खरीद सीजन के दौरान जिले में धान की कुल अनुमानित आवक 2,06,148 मीट्रिक टन रहने की उम्मीद है।
उन्होंने कहा कि मंडियों में सूखा और पूरी तरह पका हुआ धान लाने से खरीद प्रक्रिया में तेजी आती है तथा धान की खरीद और उठान समय पर सुनिश्चित करने में मदद मिलती है। उन्होंने संबंधित खरीद एजेंसियों और अधिकारियों को आपसी तालमेल बनाए रखने तथा किसानों को मंडियों में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए।
पराली जलाने के दुष्प्रभावों के बारे में उपायुक्त ने कहा कि फसल अवशेषों को आग लगाने से वायु प्रदूषण बढ़ता है, लोगों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है और मिट्टी की उर्वरता भी कम होती है। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे पराली प्रबंधन के लिए उपलब्ध मशीनरी और वैज्ञानिक तरीकों का उपयोग करें तथा स्वच्छ पर्यावरण बनाए रखने में अपना योगदान दें।
उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन किसानों की सुविधा के लिए प्रतिबद्ध है और मंडियों में धान की निर्बाध खरीद तथा समय पर उठान सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक प्रबंध किए जा रहे हैं। उन्होंने किसानों से खरीद प्रक्रिया में सहयोग देने और आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्यावरण संरक्षण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की अपील की।