Saturday, April 04, 2026
BREAKING
पश्चिम बंगाल चुनाव: 4,660 सहायक पोलिंग स्टेशन को मंजूरी, मतदाताओं को राहत रायसेन में राष्ट्रीय कृषि महोत्सव, किसानों को मिलेगा आधुनिक खेती का पूरा समाधान राजनाथ सिंह ने ‘लार्ज कैविटेशन टनल’ परियोजना की रखी आधारशिला सीएम योगी समेत कई नेताओं ने झलकारी बाई के बलिदान को किया नमन मिडिल ईस्ट संकट और घरेलू अव्यवस्थाओं से पाकिस्तान में गहराया बिजली संकट स्थायी पता नहीं होने पर भी आसानी से मिलेगी एलपीजी, उठाएं 5 किलोग्राम के एफटीएल सिलेंडर का फायदा पीएनजी कनेक्शन में तेजी, 3.42 लाख नए कनेक्शन गैसीफाइड गौतम अदाणी ने 2030 तक अदाणी पोर्ट्स के लिए 1 अरब टन कार्गो संभालने का लक्ष्य निर्धारित किया मोनालिसा ने उठाए रजत दलाल की परवरिश पर सवाल, कहा—फेम पाने के लिए कर रहे घटिया हरकत 'कसूर' से मिली फिल्म इंडस्ट्री में पहचान, कैंसर से जीती जंग, 'आफरीन' गर्ल की कहानी

दुनिया

उत्तरी अफगानिस्तान में 5.9 तीव्रता के भूकंप से आठ लोगों की मौत

04 अप्रैल, 2026 12:43 PM

काबुल : अफगानिस्तान में 5.9 तीव्रता के भूकंप के झटके महसूस हुए। अफगानिस्तान नेशनल डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी के प्रवक्ता मोहम्मद यूसुफ हम्माद ने बताया कि उत्तरी अफगानिस्तान में आए इस भूकंप में कम से कम आठ लोगों की मौत हो गई है। हम्माद ने शुक्रवार देर रात बताया कि भूकंप के बाद काबुल प्रांत में एक घर गिर गया, जिसमें आठ लोगों की मौत हो गई और एक बच्चा घायल हो गया। राजधानी काबुल में भी तेज झटके महसूस किए गए। न्यूज एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, भूकंप का केंद्र शुरू में 36.55 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 70.85 डिग्री पूर्वी देशांतर पर पाया गया। इसके अलावा भूकंप की गहराई 186.4 किलोमीटर थी।


शुक्रवार रात दिल्ली-एनसीआर और उत्तर भारत के कई हिस्सों में भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में घबराहट फैल गई और वे घरों और ऑफिस की बिल्डिंग से बाहर निकल आए।
दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद के साथ-साथ उत्तर प्रदेश, हरियाणा और आस-पास के इलाकों सहित कई जगहों से भूकंप के झटके महसूस किए गए।
लोगों ने बताया कि बैठे-बैठे उन्हें अचानक झटके महसूस हुए, जिससे फर्नीचर और घर में रखी हुई या लटकी अन्य चीजें हिलने लगीं। कई लोगों ने कहा कि झटके कुछ सेकंड तक रहे लेकिन इतने तेज थे कि घर के अंदर भी साफ महसूस किए जा सकते थे।


कई रिहायशी इलाकों में, लोग सावधानी के तौर पर अपने घरों से बाहर निकल गए, जबकि ऑफिस में मौजूद लोग कुछ देर के लिए बिल्डिंग से बाहर निकल आए।
अफगानिस्तान में कई तरह की प्राकृतिक आपदाएं आती हैं, लेकिन यहां भूकंप से सबसे ज्यादा मौतें होती हैं। हर साल औसतन लगभग 560 लोग मारे जाते हैं और सालाना लगभग 80 मिलियन डॉलर का नुकसान होता है। अध्ययनों से पता चलता है कि 1990 से अब तक अफगानिस्तान में 5.0 से ज्यादा तीव्रता वाले कम से कम 355 भूकंप आए हैं।


अफगानिस्तान यूरेशियन टेक्टोनिक प्लेट के किनारे पर है, जो इंडियन प्लेट के साथ एक ट्रांसग्रेशन जोन शेयर करता है। इसका मतलब है कि दोनों एक-दूसरे से मिल सकते हैं या एक-दूसरे को छू सकते हैं, और यह अपने दक्षिण में अरेबियन प्लेट से भी प्रभावित है, जिससे यह दुनिया के सबसे ज्यादा टेक्टोनिक रूप से सक्रिय इलाकों में से एक बन गया है।
इंडियन प्लेट का उत्तर की ओर बढ़ना और यूरेशियन प्लेट से उसका टकराना आमतौर पर अफगानिस्तान में कई भूकंपों के लिए जिम्मेदार होता है।


पूर्वी और उत्तर-पूर्वी अफगानिस्तान, खासकर उज्बेकिस्तान, ताजिकिस्तान और पाकिस्तान के साथ इसकी सीमाओं वाले इलाके, भूकंप के लिए खास तौर पर संवेदनशील हैं।
इसमें बहुत ज्यादा आबादी वाला काबुल भी शामिल है, जहां अध्ययन के मुताबिक, भूकंप से हर साल सबसे ज्यादा औसत अनुमानित नुकसान होता है, जो 17 मिलियन डॉलर है।
अफगानिस्तान के पहाड़ों में भूकंप खास तौर पर खतरनाक होते हैं। यहां वे लैंडस्लाइड को ट्रिगर कर सकते हैं, जिससे जान-माल का नुकसान बढ़ जाता है।

Have something to say? Post your comment

और दुनिया खबरें

नाटो प्रमुख मार्क रुट्टे अगले सप्ताह वाशिंगटन में डोनाल्ड ट्रंप से करेंगे मुलाकात

नाटो प्रमुख मार्क रुट्टे अगले सप्ताह वाशिंगटन में डोनाल्ड ट्रंप से करेंगे मुलाकात

ईरान ने अमेरिका के 48 घंटे के सीजफायर वाले प्रस्ताव को किया खारिज: रिपोर्ट

ईरान ने अमेरिका के 48 घंटे के सीजफायर वाले प्रस्ताव को किया खारिज: रिपोर्ट

अमेरिकी बजट प्रस्ताव में आया बड़ा बदलाव, घरेलू खर्च में की कटौती और रक्षा खर्च में ऐतिहासिक बढ़ोतरी

अमेरिकी बजट प्रस्ताव में आया बड़ा बदलाव, घरेलू खर्च में की कटौती और रक्षा खर्च में ऐतिहासिक बढ़ोतरी

अमेरिका ने ईरान के अहम पुल पर किया हमला, ट्रंप ने चेतावनी दी- ‘अभी बहुत कुछ होना बाकी है’

अमेरिका ने ईरान के अहम पुल पर किया हमला, ट्रंप ने चेतावनी दी- ‘अभी बहुत कुछ होना बाकी है’

बलूचिस्तान में बारिश और अचानक आई बाढ़ ने बरसाया कहर, अब तक सात की मौत, चार अन्य घायल

बलूचिस्तान में बारिश और अचानक आई बाढ़ ने बरसाया कहर, अब तक सात की मौत, चार अन्य घायल

2030 तक चंद्रमा पर स्थायी ठिकाना स्थापित करने को लेकर अमेरिकी विधेयक पेश

2030 तक चंद्रमा पर स्थायी ठिकाना स्थापित करने को लेकर अमेरिकी विधेयक पेश

अमेरिका ने पेटेंट वाली दवाओं पर लगाया 100 प्रतिशत टैरिफ

अमेरिका ने पेटेंट वाली दवाओं पर लगाया 100 प्रतिशत टैरिफ

अमेरिका ने ईरान के अहम पुल पर किया हमला, ट्रंप ने चेतावनी दी- ‘अभी बहुत कुछ होना बाकी है’

अमेरिका ने ईरान के अहम पुल पर किया हमला, ट्रंप ने चेतावनी दी- ‘अभी बहुत कुछ होना बाकी है’

ईरान के 100 साल पुराने मेडिकल रिसर्च सेंटर पर हमला, इमारत तबाह

ईरान के 100 साल पुराने मेडिकल रिसर्च सेंटर पर हमला, इमारत तबाह

पाकिस्तान में ईंधन कीमतों में उछाल बाहरी संकट नहीं, आंतरिक कुप्रबंधन और नीतिगत फैसले असली वजह : र‍िपोर्ट

पाकिस्तान में ईंधन कीमतों में उछाल बाहरी संकट नहीं, आंतरिक कुप्रबंधन और नीतिगत फैसले असली वजह : र‍िपोर्ट