वाशिंगटन : पेंटागन में चल रही आपसी खींचतान के बीच आर्मी सेक्रेटरी डैन ड्रिस्कॉल ने अपनी स्थिति साफ कर दी है। उन्होंने कहा है कि उनका इस्तीफा देने का कोई इरादा नहीं है। यह बयान ऐसे वक्त में आया है, जब डिफेंस सेक्रेटरी पीट हेगसेथ के साथ उनके मतभेदों को लेकर अटकलें तेज थीं। डैन ड्रिस्कॉल ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के अधीन सेवा करना उनके जीवन का सबसे बड़ा सम्मान है। उन्होंने कहा कि वह अमरीका को दुनिया की सबसे मजबूत जमीनी सेना बनाने के लक्ष्य पर पूरी तरह फोकस किए हुए हैं। अमरीकी आर्मी के शीर्ष अधिकारी जनरल रैंडी जॉर्ज समेत दो वरिष्ठ सैन्य नेताओं को हाल ही में अचानक हटा दिया गया था। इसके बाद पेंटागन के भीतर नेतृत्व को लेकर सवाल उठने लगे थे।
सूत्रों के मुताबिक, हेगसेथ और ड्रिस्कॉल के बीच लंबे समय से कई मुद्दों पर मतभेद रहे हैं। इन मुद्दों में आर्मी अधिकारियों के प्रोमोशन रोकने जैसे फैसले भी शामिल हैं। बताया जा रहा है कि दोनों के बीच यह खींचतान पिछले एक साल से जारी है। इसी बीच, पीट हेगसेथ के मुख्य प्रवक्ता शॉन पार्नेल को लेकर भी चर्चाएं तेज हैं। उन्होंने अपने सहयोगियों से आर्मी सेक्रेटरी पद की इच्छा जताई है। शॉन पार्नेल का कहना है कि यदि आर्मी सेक्रेटरी का पद खाली होता है, तो वह इसे संभालने में दिलचस्पी रखते हैं। हालांकि, उन्होंने इस पर सार्वजनिक तौर पर कुछ भी कहने से इनकार किया है। वहीं, पीट हेगसेथ के प्रवक्ता ने डैन ड्रिस्कॉल के साथ किसी भी तरह के तनाव की खबरों को खारिज किया है। उनका कहना है कि दोनों के बीच बेहतरीन कामकाजी संबंध हैं।