कैथल: जन स्वास्थ्य विभाग में रिश्वतखोरी का मामला सामने आया है. एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने कार्रवाई करते हुए विभाग के डिप्टी सुपरिटेंडेंट कमलकांत को 20 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया. इसके साथ ही ड्राइंग ब्रांच के क्लर्क अशोक और एचकेआरएन कर्मी बलजीत को भी 5-5 हजार रुपये रिश्वत लेने के आरोप में पकड़ा है. तीनों कर्मचारियों ने ठेकेदार के कामों के बिल पास करने के बदले पैसे मांगे थे. एसीबी की टीम ने शिकायत मिलने के बाद ट्रैप लगाकर ये कार्रवाई की.
गिरफ्तारी के समय रोने लगा डिप्टी सुपरिंटेंडेंट: एसीबी की टीम जब कार्रवाई के लिए पहुंची, तो रिश्वत लेते ही डिप्टी सुपरिटेंडेंट को मौके पर पकड़ लिया गया. कार्रवाई के दौरान जब टीम उसे गाड़ी में बैठाने लगी, तो वह रोने लगा. वहीं क्लर्क अशोक और एचकेआरएन कर्मी बलजीत को भी टीम ने मौके से गिरफ्तार किया. जांच में सामने आया कि बलजीत ने अपने हिस्से के पैसे क्लर्क अशोक को देने के लिए कहा था. एसीबी की टीम ने मौके पर ही जरूरी दस्तावेज और सबूत भी कब्जे में लिए.
ठेकेदार के लाखों रुपये के बिल थे लंबित: इस मामले में शिकायत करने वाले ठेकेदार विशाल ने बताया कि वो जन स्वास्थ्य विभाग के कामों का ठेका लेता है. उसके करीब 35 लाख रुपये के बिल लंबे समय से लंबित थे. इन बिलों को पास करने के बदले विभाग के कर्मचारी पैसे मांग रहे थे. डिप्टी सुपरिटेंडेंट 2 प्रतिशत और अन्य कर्मचारी 1-1 प्रतिशत हिस्से की मांग कर रहे थे. ठेकेदार ने बताया कि बिना पैसे दिए कोई भी काम आगे नहीं बढ़ाया जा रहा था.
दस्तावेजों के जरिए बनाया जा रहा था दबाव: शिकायतकर्ता के अनुसार विभाग के कर्मचारी उसके दस्तावेज अपने पास रख लेते थे और उन्हें दूसरे लोगों को देकर दबाव बनवाते थे. इससे ठेकेदार पर पैसे देने का दबाव बनाया जाता था. जब मांग ज्यादा बढ़ गई तो उसने इसकी शिकायत एंटी करप्शन ब्यूरो से की. शिकायत मिलने के बाद टीम ने योजना बनाकर आरोपियों को पकड़ने के लिए जाल बिछाया और उन्हें रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर लिया.
भ्रष्टाचार निरोधक कानून के तहत दर्ज हुआ केस: एसीबी की टीम ने कार्रवाई के बाद तीनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक कानून के तहत मामला दर्ज किया है. शिकायत में जिन बिलों का जिक्र किया गया था, वे बिल डिप्टी सुपरिंटेंडेंट के कार्यालय में मिले हैं. टीम अब मामले में आगे की जांच कर रही है और रिश्वतखोरी से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है. गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है.