Monday, March 23, 2026
BREAKING
पंजाब की आप सरकार का ईमानदारी का नकाब उतर चुका- सीएम नायब सिंह सैनी अप्रैल से जेजेपी के सभी विश्वविद्यालय और मई से एक हजार गांवों के दौरे के कार्यक्रम शुरू – दिग्विजय चौटाला सतत कृषि ही भविष्य की समृद्धि का आधार - सीएम नायब सिंह सैनी शहीदों के बलिदान से ही सुरक्षित है देश की आजादीः आरती सिंह राव रुपए की गिरावट से उजागर हुई आर्थिक कुप्रबंधन की सच्चाई : कुमारी सैलजा हिमाचल सरकार के रेस्ट हाउसों में कैटरिंग सेवाओं को आउटसोर्स करने की तैयारी: मुख्यमंत्री CM सुक्खू के मीडिया सलाहकार के बेटे पर हमला करने वाले तीन आरोपी भट्टाकुफर से गिरफ्तार हिमाचल प्रदेश का बजट निराशाजनक, जनविरोधी: इंदु गोस्वामी प्रदेश के हर घर-खेत तक पहुंचेगा पानी, डिप्टी सीएम का ऐलान, प्रदेश में 10 हजार जल योजनाएं जारी 36 वर्षों बाद मिले स्कूल के साथी, छात्र जीवन की यादें ताजा की

फीचर

आईएनएस ने आईटी नियमों में संशोधन को मनमाना, प्राकृतिक न्याय के खिलाफ बताया

13 अप्रैल, 2023 09:56 AM

नयी दिल्ली, 12 अप्रैल (वार्ता) इंडियन न्यूजपेपर सोसाइटी (आईएनएस) ने बुधवार को मध्यस्थ दिशानिर्देश और डिजिटल मीडिया आचार संहिता में हाल ही में किए गए संशोधन पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह संशोधन पूर्ण रूप से मनमाना और प्राकृतिक न्याय के खिलाफ है।

 

आईएनएस ने एक बयान में कहा कि इस प्रकार के अधिकार मनमाने होते हैं, क्योंकि इनका उपयोग पक्षकारों को सुने बिना किया जाता है। इस प्रकार यह प्राकृतिक न्याय के सभी सिद्धांतों का उल्लंघन करते हैं और न्यायाधीश के रूप में शिकायतकर्ता को प्रभावित करते हैं।

 

उल्लेखनीय है कि हाल ही में सरकार ने सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यवर्ती दिशानिर्देश और डिजिटल मीडिया आचार संहिता) संशोधन नियम, 2023 में संशोधन किया है। यह संशोधन केंद्र सरकार को अपने किसी भी क्रियाकलापों के संबंध में “बनावटी या गलत या भ्रामक” निर्धारित करने के लिए “फैक्ट चेकिंग इकाई” गठित करने की शक्ति प्रदान करता है।


फैक्ट चेकिंग इकाई सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, इंटरनेट सेवा प्रदाता और अन्य सेवा प्रदाता समेत मध्यवर्ती संस्थाओं को निर्देश जारी करने का अधिकार रखती है कि वे ऐसी सामग्री को प्रसारित या प्रकाशित न करें और अगर यह प्रसारित या प्रकाशित हो चुका है तो आपत्तिजनक कंटेंट को निकाल दें।

 

आईएनएस ने कहा कि नामित एजेंसी को अपने काम में भ्रामक और सही का निर्धारण करने और उसे हटाने या रखने का आदेश देने की “पूर्ण शक्ति” प्राप्त है। आईएनएस ने कहा कि अधिसूचित नियमों से यह स्पष्ट नहीं होता है कि इस प्रकार की “फैक्ट चेकिंग इकाई” का संचालन तंत्र क्या होगा और इसकी शक्तियों पर किस प्रकार की न्यायिक निगरानी उपलब्ध होगी और इस पर अपील करने का क्या अधिकार होगा।

 

बयान में कहा गया कि इन सभी बातों को देखते हुए हम यह कहने के लिए विवश हैं कि यह प्रेस सेंसरशिप के समान है और इस प्रकार यह अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के सिद्धांतों का उल्लंघन है। न्यूजपेपर सोसाइटी ने कहा, “मंत्रालय ने वादा किया था कि इस विषय पर वह मीडिया संगठनों के साथ परामर्श करेगी, लेकिन हितधारकों के साथ कोई सार्थक परामर्श करने की कोशिश नहीं की गई।”

 

आईएनएस ने कहा, “उपरोक्त तथ्यों को ध्यान में रखते हुए, प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों और देश के संविधान में निहित अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की गारंटी के अनुपालन में हम सरकार से इस अधिसूचना को वापस लेने का आग्रह करते हैं।”

Have something to say? Post your comment

और फीचर खबरें

बलिदान दिवस पर चंद्रशेखर आजाद को नमन, पीएम मोदी बोले—अडिग संकल्प ही सच्चा पराक्रम

बलिदान दिवस पर चंद्रशेखर आजाद को नमन, पीएम मोदी बोले—अडिग संकल्प ही सच्चा पराक्रम

स्पेससूट : स्पेस में एस्ट्रोनॉट्स की जान बचाने वाला 'छोटा अंतरिक्ष यान', जानें खासियत

स्पेससूट : स्पेस में एस्ट्रोनॉट्स की जान बचाने वाला 'छोटा अंतरिक्ष यान', जानें खासियत

केंद्रीय बजट 2026: एक लाख नए एलाइड हेल्थ प्रोफेशनल्स तैयार होंगे, योगा और आयुष को मिलेगा वैश्विक विस्तार

केंद्रीय बजट 2026: एक लाख नए एलाइड हेल्थ प्रोफेशनल्स तैयार होंगे, योगा और आयुष को मिलेगा वैश्विक विस्तार

पीएम मोदी ने एटा और कच्छ की वेटलैंड्स को रामसर मान्यता मिलने पर जताई प्रसन्नता

पीएम मोदी ने एटा और कच्छ की वेटलैंड्स को रामसर मान्यता मिलने पर जताई प्रसन्नता

छत्तीसगढ़ की झांकी ने कर्तव्य पथ पर बिखेरा सांस्कृतिक जादू, राष्ट्रपति-पीएम और यूरोपीय अतिथि हुए मंत्रमुग्ध

छत्तीसगढ़ की झांकी ने कर्तव्य पथ पर बिखेरा सांस्कृतिक जादू, राष्ट्रपति-पीएम और यूरोपीय अतिथि हुए मंत्रमुग्ध

बड़ी उपलब्धि: भारत बना दुनिया का सबसे बड़ा चावल उत्पादक देश

बड़ी उपलब्धि: भारत बना दुनिया का सबसे बड़ा चावल उत्पादक देश

गेहूं मजबूत; चावल, चीन, खाद्य तेल, दालों में साप्ताहिक गिरावट

गेहूं मजबूत; चावल, चीन, खाद्य तेल, दालों में साप्ताहिक गिरावट

ग्रामीण भारत की आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार, उपभोग-आय दोनों में बढ़ोतरी: नाबार्ड सर्वे

ग्रामीण भारत की आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार, उपभोग-आय दोनों में बढ़ोतरी: नाबार्ड सर्वे

नई चेतना 4.0 अभियान : महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए 11 मंत्रालयों ने शुरू की संयुक्त पहल

नई चेतना 4.0 अभियान : महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए 11 मंत्रालयों ने शुरू की संयुक्त पहल

भारत से कब छटेंगे ज्वालामुखी की राख के बादल, किन-किन शहरों में होगा असर? IMD ने बताया

भारत से कब छटेंगे ज्वालामुखी की राख के बादल, किन-किन शहरों में होगा असर? IMD ने बताया