अहमदाबाद : अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में शनिवार सांसे रोक देने वाला मुकाबला खेला गया। गुजरात टाइटंस (GT) की टीम एक समय जीत की दहलीज पर खड़ी थी, लेकिन आखिरी 5 ओवरों में राजस्थान रॉयल्स (RR) के गेंदबाजों ने ऐसी वापसी की कि बाजी पलट गई। राजस्थान ने यह मुकाबला 6 रनों के करीबी अंतर से अपने नाम कर लिया। क्लाइमैक्स : तुषार देशपांडे ने बचाए 11 रन
मैच का आखिरी ओवर किसी हॉलीवुड थ्रिलर से कम नहीं था। गुजरात को जीत के लिए 6 गेंदों पर 11 रनों की दरकार थी। स्ट्राइक पर 'मैजिशियन' राशिद खान थे।
पहली गेंद : वाइड (तनाव बढ़ा)।
अगली 3 गेंदें : सिर्फ 3 सिंगल आए।
4थी गेंद : डॉट बॉल (दबाव गुजरात पर)।
5वीं गेंद : राशिद खान कैच आउट! तुषार ने गुजरात की आखिरी उम्मीद तोड़ दी।
आखिरी गेंद : कोई रन नहीं। तुषार ने शानदार तरीके से स्कोर डिफेंड किया।
ध्रुव-यशस्वी का 'पावर प्ले'
इससे पहले टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी राजस्थान रॉयल्स ने स्कोरबोर्ड पर 210 रनों का विशाल लक्ष्य टांग दिया।
ध्रुव जुरेल : 75 रनों की तूफानी पारी खेलकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
यशस्वी जायसवाल : 55 रनों का महत्वपूर्ण योगदान दिया।गुजरात की ओर से कगिसो रबाडा ने 2 विकेट झटके, लेकिन वह राजस्थान की रन गति को रोकने में नाकाम रहे।
साई सुदर्शन की मेहनत पर फिरा पानी
211 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी गुजरात की शुरुआत शानदार थी। साई सुदर्शन (73 रन) अकेले दम पर टीम को जीत की ओर ले जा रहे थे। 10 ओवर में टीम का स्कोर 101/1 था और जीत पक्की लग रही थी। लेकिन 11वें ओवर में सुदर्शन के आउट होते ही विकेटों की पतझड़ शुरू हो गई।
रवि बिश्नोई का 'फिरकी' जादू
इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में आए रवि बिश्नोई मैच के असली 'गेम चेंजर' साबित हुए। उन्होंने अपनी फिरकी के जाल में गुजरात के मिडिल ऑर्डर को फंसाया और महत्वपूर्ण 4 विकेट चटकाए। उनके इस स्पेल ने गुजरात को 161/7 पर धकेल दिया था।
राशिद-रबाडा का संघर्ष
अंत में राशिद खान और कगिसो रबाडा ने 4 ओवर में 39 रन जोड़कर मैच को अंतिम ओवर तक खींच लिया, लेकिन तुषार देशपांडे की सटीक गेंदबाजी के सामने उनकी एक न चली।
मैच का सार : राजस्थान रॉयल्स के लिए यह जीत उनके जज्बे की जीत है, जहाँ उन्होंने हारते हुए मैच को अपनी मुट्ठी में कर लिया। वहीं गुजरात के लिए यह 'इतना पास आकर भी दूर रह जाने' जैसी टीस दे गया।