हरियाणा विधानसभा के अध्यक्ष हरविंदर कल्याण और हरियाणा सरकार के मंत्री श्याम सिंह राणा ने योग के महत्व पर अपने विचार साझा किए। दोनों नेताओं ने योग को भारत की प्राचीन संस्कृति की अमूल्य धरोहर बताते हुए इसे स्वस्थ और तनावमुक्त जीवन का आधार बताया। हरियाणा विधानसभा के अध्यक्ष हरविंदर कल्याण ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस भारत के लिए गर्व का विषय है। आज योग केवल भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरी दुनिया में इसे अपनाया और मनाया जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत की प्राचीन संस्कृति को नई पहचान और मजबूती मिली है और योग उसी सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण प्रतीक है। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पूरी दुनिया को भारत की ओर से दिया गया एक अनमोल उपहार है। योग से शरीर स्वस्थ रहता है और मन को भी शांति मिलती है। उन्होंने बताया कि योग को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए जो प्रयास किए गए, उनके सकारात्मक परिणाम अब दिखाई देने लगे हैं।
हरविंदर कल्याण ने कहा कि आज के दौर में हर जिम्मेदार व्यक्ति पर काम का दबाव है और लोगों को विभिन्न प्रकार के तनावों का सामना करना पड़ता है। ऐसे समय में तनावमुक्त रहने के लिए योग बेहद जरूरी है। योग को हर व्यक्ति को अपनी दैनिक दिनचर्या और जीवनशैली का हिस्सा बनाना चाहिए। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति व्यस्त दिनचर्या के बीच केवल पांच मिनट का छोटा सा विराम लेकर योग या ध्यान करता है तो वह नई ऊर्जा और ताजगी के साथ अपने काम पर लौट सकता है।
वहीं, हरियाणा के मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि योग शरीर, मन, बुद्धि और आत्मा को अनुशासित करने का माध्यम है। यह मानव जीवन के सभी पहलुओं को एक सूत्र में जोड़ने का कार्य करता है। उन्होंने कहा कि जब व्यक्ति अपने भीतर से जुड़ता है तो वह ईश्वर से भी जुड़ जाता है और वहीं से वास्तविक आनंद की प्राप्ति होती है।
उन्होंने कहा कि एक छोटी सी खुशी की किरण भी लाखों दुखों और कठिनाइयों को दूर कर सकती है। उन्होंने योग को ऋषि-मुनियों द्वारा मानवता को दी गई अमूल्य देन बताते हुए कहा कि यह केवल भारत ही नहीं, बल्कि पूरे विश्व के कल्याण के लिए लाभकारी है।