कजाकिस्तान के प्रधानमंत्री ओल्जास बेक्टेनोव और नीदरलैंड के प्रधानमंत्री डिक शूफ बुधवार को नई दिल्ली पहुंचे। दोनों नेता राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित इंडिया-एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में भाग लेंगे, जिसका उद्देश्य आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की परिवर्तनकारी क्षमता और वैश्विक प्रभावों पर मंथन करना है।
कजाकिस्तान के प्रधानमंत्री का स्वागत
प्रधानमंत्री ओल्जास बेक्टेनोव का एयरपोर्ट पर विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने स्वागत किया। विदेश मंत्रालय (एमईए) ने कहा कि उनका यह दौरा और समिट में भागीदारी भारत-कजाकिस्तान साझेदारी को और मजबूती देगा।
नीदरलैंड के प्रधानमंत्री का आगमन
नीदरलैंड के प्रधानमंत्री डिक शूफ का हवाईअड्डे पर केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने स्वागत किया। एमईए के अनुसार, समिट में उनकी भागीदारी भारत-नीदरलैंड द्विपक्षीय संबंधों को नई गति प्रदान करेगी।
वैश्विक नीति और तकनीक पर चर्चा
समिट में दुनिया भर के नेता, नीति निर्माता और प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ आर्थिक विकास, गवर्नेंस और सामाजिक परिवर्तन में एआई की भूमिका पर विचार-विमर्श करेंगे। सम्मेलन का उद्देश्य जिम्मेदार और नैतिक एआई को बढ़ावा देने के साथ विभिन्न क्षेत्रों में इसके उपयोग को प्रोत्साहित करना है।
110 से ज्यादा देशों की भागीदारी
पांच दिवसीय इस समिट में 110 से अधिक देशों और 30 अंतर्राष्ट्रीय संगठनों की भागीदारी है। इसमें करीब 20 देशों के शीर्ष नेता और लगभग 45 मंत्री शामिल हो रहे हैं, जिससे यह एआई गवर्नेंस और वैश्विक सहयोग पर केंद्रित प्रमुख मंचों में से एक बन गया है।
भारतीय दर्शन पर आधारित थीम
सम्मेलन की थीम ‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय’ है, जो समावेशी विकास और वैश्विक कल्याण की भारतीय दृष्टि को दर्शाती है। यह मंच विशेष रूप से ग्लोबल साउथ की चुनौतियों- जैसे स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच, कृषि उत्पादकता और भाषाई बाधाओं के समाधान में एआई की भूमिका पर जोर देता है।
वैश्विक श्रृंखला का चौथा समिट
यह एआई समिट इस वैश्विक श्रृंखला का चौथा समिट है। इससे पहले 2023 में यूनाइटेड किंगडम, 2024 में साउथ कोरिया और 2025 में फ्रांस में इसका आयोजन किया गया था।