चंडीगढ़ : मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पंजाब विधानसभा के स्पेशल सेशन के दौरान केंद्र सरकार पर निशाना साधा। मनरेगा में किए गए बदलावों के खिलाफ प्रस्ताव के पक्ष में बोलते हुए CM मान ने कहा कि कुछ नेता सिर्फ इसके नाम को लेकर कन्फ्यूज हैं, वे इसके अंदर की साजिशों को नहीं समझ रहे हैं।
मान ने कहा कि पहले मनरेगा के तहत 100 दिन के रोजगार की कानूनी गारंटी थी, लेकिन अब उसे भी खत्म कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि PM मोदी 2-3 लोगों में पूरा देश देखते हैं और उनके हिसाब से सारे फैसले लेते हैं। उन्होंने कहा कि मनरेगा की जगह आए 'जी राम जी' में केंद्र ने सारा काम अपने हाथ में ले लिया है। पहले 100 दिन की गारंटी थी, लेकिन पूरे देश में यह जमीन पर सिर्फ करीब 7 फीसदी ही मिलता था। अब, हालांकि वे 125 दिन के रोजगार की बात कर रहे हैं, लेकिन शर्तें लगाकर इसे खत्म कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि मनरेगा लाने से पहले लंबी चर्चा हुई थी, लेकिन यह बिल 14 घंटे में पास हो गया है। उन्होंने कहा कि अब बिल का नाम भगवान राम जी के नाम पर रखा गया है, जिससे आने वाले समय में राम जी का नाम भी घोटालों से जुड़ जाएगा। उन्होंने पूछा कि गरीबों का रोजगार छीनकर डेवलप्ड इंडिया कैसे बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा ही चलता रहा तो लोग भाजपा और अकाली दल के नेताओं को गांवों में आने से रोक देंगे।